हमारा इतिहास
भीम आर्मी – भारत एकता मिशन की 2015 से यात्रा
शैक्षिक पहल: भीम पाठशाला
परम पूज्य बाबासाहेब अंबेडकर जी की शैक्षिक दृष्टि का अनुसरण करते हुए, भीम आर्मी ने मुफ्त आफ्टर-स्कूल ट्यूशन केंद्र स्थापित किए हैं।
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पश्चिमी उत्तर प्रदेश में निःशुल्क शिक्षा केंद्रों की स्थापना
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साथी-शिक्षण का अनूठा मॉडल
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सांस्कृतिक शिक्षा और सामाजिक पहचान पर विशेष ध्यान
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समुदाय-आधारित संसाधन और स्वयंसेवी शिक्षकों की भागीदारी
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बेहतर साक्षरता दर और शैक्षिक प्रदर्शन में सुधार
स्थापना
जातिगत हमलों और सामाजिक अन्याय के प्रतिरोध में, पश्चिमी उत्तर प्रदेश के सहारनपुर जिले में भीम आर्मी – भारत एकता मिशन की स्थापना की गई।
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पश्चिमी उत्तर प्रदेश के सहारनपुर जिले से शुरुआत।
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बहुजन अधिकारों की रक्षा और गरिमा के संरक्षण पर केंद्रित।
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बहुजन महापुरुषों तथा माताओं-बहनों के मान, सम्मान और स्वाभिमान की सुरक्षा।
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अस्पृश्यता समाप्त करने और जातिगत भेदभाव मिटाकर समरसता स्थापित करने के लिए प्रयास।
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परम पूज्य बाबा साहेब अंबेडकर जी की शिक्षाओं का प्रचार-प्रसार।
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बहुजन समाज के बच्चों को निःशुल्क शिक्षा प्रदान करना।
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शोषितों को शासक बनने के लिए प्रेरित करना।
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बहुजन अस्मिता, मान-सम्मान और स्वाभिमान की रक्षा हेतु सामाजिक संगठन की स्थापना।
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जातीय एवं धार्मिक भेदभाव, हिंसा से पीड़ितों को न्याय दिलाने के लिए संघर्ष।
दिल्ली विरोध प्रदर्शन और नेतृत्व चुनौती
सहारनपुर में दबंग जातियों के अत्याचारों के खिलाफ जंतर मंतर पर विशाल विरोध रैली आयोजित की गई। इस आंदोलन के दौरान, चंद्रशेखर आजाद को राष्ट्रीय सुरक्षा कानून NSA के तहत हिरासत में लिया गया।
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जंतर मंतर पर विरोध प्रदर्शन।
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नेतृत्व को कानूनी चुनौतियों का सामना।
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एनएसए के तहत प्रमुख नेताओं को 15 महीने की हिरासत।
प्रमुख विरोध आंदोलन
AZAD KRANTI PARTY और भीम आर्मी ने भारत भर में महत्वपूर्ण जन आंदोलनों में सक्रिय भागीदारी निभाई।
रविदास मंदिर विरोध
दिल्ली में रविदास मंदिर के विध्वंस के खिलाफ बड़े पैमाने पर विरोध प्रदर्शन।
सीएए/एनआरसी विरोध
नागरिकता संशोधन अधिनियम CAA और राष्ट्रीय नागरिक रजिस्टर NRC के खिलाफ राष्ट्रव्यापी विरोध प्रदर्शनों का समर्थन और नेतृत्व।
छात्र एकजुटता
जामिया मिल्लिया इस्लामिया विश्वविद्यालय के छात्रों और शाहीन बाग आंदोलन के प्रदर्शनकारियों के समर्थन में सक्रिय भागीदारी।
राजनीतिक दल का गठन
मान्यवर साहब जी के सिद्धांत के अनुरूप— 'जिनका कोई दल नहीं होता, उनका कोई बल नहीं होता; जिनके पास बल नहीं होता, उनकी समस्या का हल नहीं होता' तथा 'Politics is the master key of all problems'— को आधार मानते हुए, 'भीम आर्मी भारत एकता मिशन' एवं बहुजन मिशनरियों द्वारा अपने राजनीतिक दल 'AZAD KRANTI PARTY ' का गठन नोएडा, गौतम बुद्ध नगर उत्तर प्रदेश में किया गया। इस अवसर पर बहुजन समाज के हजारों बुद्धिजीवी, वरिष्ठ नेता, सामाजिक विचारक, मिशनरी कार्यकर्ता एवं भीम आर्मी भारत एकता मिशन के उत्साही युवा उपस्थित रहे। सर्वसम्मति से एडवोकेट चंद्रशेखर आज़ाद जी को राष्ट्रीय अध्यक्ष नियुक्त किया गया।
टाइम मैगज़ीन, कोरोना राहत, सामाजिक न्याय और जातिगत भेदभाव के खिलाफ संघर्ष
अमेरिका की विख्यात एवं बहुप्रतिष्ठित 'टाइम मैगज़ीन' द्वारा भीम आर्मी भारत एकता मिशन के "चीफ" एडवोकेट चंद्रशेखर आज़ाद को दुनिया के उभरते नेताओं की श्रेणी में स्थान दिया गया। पूरी दुनिया ने भाई चंद्रशेखर आज़ाद के संघर्ष को मान्यता दी। कोरोना वायरस से प्रभावित लाखों भारतीयों को यथासंभव सहायता प्रदान की गई। सरकार द्वारा किए गए धार्मिक भेदभाव के खिलाफ आंदोलन किए गए। हाथरस की वाल्मीकि समाज की बेटी को न्याय दिलाने के लिए संघर्ष किया गया। जातिगत आधार पर पूरे देश में हुई अलग-अलग हत्याओं के विरोध में आंदोलन किए गए।
संघर्ष एवं आंदोलन
एडवोकेट चंद्रशेखर आज़ाद के नेतृत्व में 69,000 आरक्षित वर्ग के शिक्षकों की भर्ती में हुए घोटाले के विरोध में जन आंदोलन किया गया। इस घोटाले के खिलाफ सड़क से लेकर विधानसभा तक संघर्ष किया गया।
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न्यूनतम समर्थन मूल्य MSP की गारंटी के लिए किसान आंदोलन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई गई।
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एससी-एसटी के अधिकारों की रक्षा के लिए भारत बंद सफलतापूर्वक आयोजित किया गया।
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महिला पहलवानों के सम्मान और न्याय के लिए व्यापक आंदोलन किया गया।
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एससी, एसटी, पिछड़े और अल्पसंख्यक समाज के विभिन्न मुद्दों पर कई बड़े आंदोलन किए गए।
चुनावी सफर और सफलता
AZAD KRANTI PARTY ने प्रदेश स्तरीय चुनाव लड़ना प्रारंभ किया और राजस्थान, मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़ आदि राज्यों में अपनी उपस्थिति दर्ज कराई। साथ ही, लोकसभा चुनाव में नगीना लोकसभा सीट से राष्ट्रीय अध्यक्ष एडवोकेट भाई चंद्रशेखर आज़ाद डेढ़ लाख से अधिक मतों से विजयी हुए।
शैक्षिक प्रभाव
भीम पाठशाला पहल ने सीखने और सांस्कृतिक शिक्षा के लिए सुरक्षित स्थान बनाए हैं, पारंपरिक शैक्षिक व्यवस्था में भेदभाव को संबोधित करते हुए और समुदाय-आधारित शिक्षा को बढ़ावा देते हुए।
बेहतर शैक्षिक प्रदर्शन
सांस्कृतिक शिक्षा और जागरूकता
सामुदायिक सशक्तिकरण
साथी-शिक्षण प्रणाली
वैकल्पिक शैक्षिक कथानक